पर्यावरण संतुलन का संकेत: साहिबगंज में पहली बार दिखा प्रवासी हिमालयन ग्रिफ़ॉन गिद्ध

Shashi Bhushan Kumar

साहिबगंज जिले के जैव-विविधता अभिलेख में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि जुड़ गई है। जिले में पहली बार दुर्लभ प्रवासी मृतभक्षी पक्षी हिमालयन ग्रिफ़ॉन गिद्ध की उपस्थिति आधिकारिक रूप से दर्ज की गई है। यह दुर्लभ पक्षी 3 जनवरी 2026 को साहिबगंज वन क्षेत्र के अंतर्गत अंबाडीहा पंचायत के बड़ा सालबांधा गांव में एक ऊँचे सेमल वृक्ष पर देखा गया।

हिमालयन ग्रिफ़ॉन गिद्ध आमतौर पर हिमालय, तिब्बती पठार और मध्य एशिया के ऊँचे पर्वतीय इलाकों में पाया जाता है। सर्दियों के मौसम में अत्यधिक ठंड और भोजन की कमी के कारण यह प्रजाति निचले मैदानी क्षेत्रों की ओर प्रवास करती है। साहिबगंज में इसका दिखाई देना इस बात का संकेत है कि जिले का पर्यावरण, भू-दृश्य और पारिस्थितिकी तंत्र प्रवासी मृतभक्षी पक्षियों के लिए सुरक्षित, अनुकूल और विष-मुक्त है।

भारत में शीतकाल के दौरान इस प्रजाति की मौजूदगी उत्तराखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल, असम और झारखंड के कुछ चुनिंदा क्षेत्रों में ही दर्ज की जाती रही है। झारखंड में अब तक इसके दर्शन मुख्य रूप से हजारीबाग और कोडरमा जिलों में हुए थे। ऐसे में साहिबगंज जिले में इसका रिकॉर्ड होना राज्य में चल रहे गिद्ध संरक्षण और वन्यजीव संरक्षण प्रयासों की सफलता को दर्शाता है।

इस ऐतिहासिक उपस्थिति को वनरक्षी अंकित कुमार द्वारा दर्ज किया गया, जो न केवल एक महत्वपूर्ण वैज्ञानिक रिकॉर्ड है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि राज्य के वनकर्मी जैव-विविधता संरक्षण को लेकर सजग और सक्रिय हैं। पक्षी विशेषज्ञ अविनाश कुमार के अनुसार, साहिबगंज में हिमालयन ग्रिफ़ॉन गिद्ध की उपस्थिति जिले की जैव-विविधता के लिए बेहद सकारात्मक और उत्साहजनक संकेत है, जो क्षेत्र के संतुलित और सुरक्षित पर्यावरण को दर्शाती है।

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Digital Head,Live-7, Committed to impactful journalism, Shashi Bhushan Kumar continues to bring meaningful narratives to the public with diligence and passion. Active Journalist since 2012.
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