ऑपरेशन “नन्हे फरिश्ते”: आरपीएफ मुरी ने नाबालिग बालक को सुरक्षित रेस्क्यू किया

Shashi Bhushan Kumar

मंडल सुरक्षा आयुक्त, रांची मंडल, पवन कुमार के निर्देशानुसार रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने अपने दायित्वों को पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ निभाया है। इसी क्रम में 6 जनवरी को आरपीएफ मुरी के उप निरीक्षक रवि शंकर अपने तीन स्टाफ सदस्यों के साथ ट्रेन संख्या 13351 एक्सप्रेस (मुरी–राउरकेला) में ट्रेन एस्कॉर्ट ड्यूटी पर तैनात थे।

ड्यूटी के दौरान चाइल्ड लाइन, रांची से सूचना मिली कि ट्रेन में एक नाबालिग बालक संकट की स्थिति में है। जांच के दौरान बालक को कोच संख्या एस-4 में पाया गया। उसकी पहचान ऋषव कुमार, उम्र लगभग 13 वर्ष, पिता हेम नारायण पंडित, निवासी गली संख्या 02, लक्ष्मी नगर, रातू, थाना पंडरा, जिला रांची, के रूप में हुई।

पूछताछ में बालक ने बताया कि उसे रातू ओटीसी मैदान से दो अज्ञात व्यक्तियों ने कथित रूप से अपहरण कर हटिया रेलवे स्टेशन तक ले आए थे। सूचना मिलते ही ट्रेन एस्कॉर्ट टीम ने त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की और बालक को सुरक्षित रूप से रेस्क्यू किया।

इसके बाद आरपीएफ और जीआरपी राउरकेला के समन्वय में ट्रेन के सभी कोचों की सघन तलाशी ली गई ताकि संदिग्ध अपहरणकर्ताओं को पकड़ा जा सके। हालांकि, सभी प्रयासों के बावजूद संदिग्धों का पता नहीं चल सका।

बालक को अंततः आरपीएफ और जीआरपी की निगरानी में चाइल्ड लाइन, राउरकेला के समन्वयक को सुपुर्द किया गया, ताकि उसे सुरक्षित रखरखाव, देखभाल, परामर्श और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया उपलब्ध कराई जा सके। हैंडओवर के समय बालक पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ पाया गया।

इस सराहनीय अभियान में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों में उप निरीक्षक रवि शंकर, स्टाफ ए.पी. साहू, यू.के. निषाद और सोमवीर शामिल हैं, जिनकी तत्परता और सुझ-बुझ से ऑपरेशन सफल रहा।

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Digital Head,Live-7, Committed to impactful journalism, Shashi Bhushan Kumar continues to bring meaningful narratives to the public with diligence and passion. Active Journalist since 2012.
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