RANCHI
झारखंड में लोकायुक्त की नियुक्ति को लेकर राज्य सरकार ने झारखंड हाईकोर्ट को आश्वासन दिया है कि अगले छह सप्ताह के भीतर इस पद पर नियुक्ति प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। इस संबंध में सरकार ने अदालत के समक्ष लिखित अंडरटेकिंग भी दाखिल की है।
मंगलवार को चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने लोकायुक्त समेत विभिन्न संवैधानिक संस्थाओं में रिक्त पदों से जुड़ी एक जनहित याचिका पर सुनवाई की। याचिका में लोकायुक्त के अलावा राज्य मानवाधिकार आयोग, मुख्य सूचना आयुक्त, सूचना आयुक्त और महिला आयोग सहित अन्य निकायों में शीर्ष पदों पर शीघ्र नियुक्ति की मांग की गई है। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने महिला आयोग और अन्य संस्थानों में लंबे समय से खाली पदों पर नाराजगी जताई।
अदालत ने राज्य सरकार को निर्देश दिया कि चार सप्ताह के भीतर इन नियुक्तियों की स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट दाखिल की जाए। साथ ही, सूचना आयुक्तों की नियुक्ति के मामले में सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का हवाला देते हुए कहा कि 45 दिनों की निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए।
याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अभय मिश्रा ने कहा कि नियुक्तियों में देरी से पारदर्शिता और जवाबदेही प्रभावित हो रही है, जिससे आम नागरिकों के अधिकारों पर असर पड़ रहा है। इस पर हाईकोर्ट ने सरकार के आश्वासन को रिकॉर्ड में लेते हुए अगली सुनवाई के लिए 17 मार्च की तारीख तय की और कहा कि तब तक हुई प्रगति की समीक्षा की जाएगी।

