LPG गैस सिलेंडर महंगाई पर झारखंड विधानसभा में विधायकों का प्रदर्शन

Ravikant Upadhyay

रांची: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के 13वें दिन गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतों को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया। सत्तापक्ष के विधायकों ने विधानसभा परिसर के बाहर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान विधायकों ने हाथों में बैनर और पोस्टर लेकर नारेबाजी की और घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी को आम जनता के लिए गंभीर समस्या बताया।

प्रदर्शन में शामिल विधायकों ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियों के कारण एलपीजी सिलेंडर की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं, जिससे गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों पर महंगाई का बोझ बढ़ता जा रहा है। उनका कहना था कि गैस सिलेंडर अब आम लोगों की पहुंच से धीरे-धीरे दूर होता जा रहा है। प्रदर्शन के दौरान विधायक लगातार नारे लगाते हुए केंद्र सरकार से कीमतों में राहत देने की मांग कर रहे थे।

विधायकों के हाथों में जो पोस्टर और बैनर थे, उनमें कई तरह के संदेश लिखे हुए थे। एक पोस्टर में लिखा था, “संसद से नरेंद्र गायब, देश से सिलेंडर गायब।” इसके जरिए सत्तापक्ष के नेताओं ने प्रधानमंत्री और केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। कुछ पोस्टरों में एक तस्वीर भी लगाई गई थी, जिसमें अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सिर झुकाकर अभिवादन करते हुए नजर आ रहे थे। इन पोस्टरों के माध्यम से विधायकों ने केंद्र सरकार की विदेश नीति और घरेलू मुद्दों को लेकर भी कटाक्ष किया।

प्रदर्शन कर रहे विधायकों का कहना था कि गैस सिलेंडर की कीमतों में वृद्धि का सीधा असर आम लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ रहा है। खासकर गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों के लिए रसोई का खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने कहा कि पहले ही महंगाई की मार झेल रहे लोगों के लिए गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतें एक बड़ी परेशानी बन गई हैं।

सत्तापक्ष के विधायकों ने यह भी आरोप लगाया कि कई जगहों पर गैस सिलेंडर की किल्लत देखने को मिल रही है। लोगों को सिलेंडर लेने के लिए लंबी-लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है, इसके बावजूद उन्हें समय पर गैस नहीं मिल पा रही है। इस स्थिति से आम जनता में असंतोष बढ़ रहा है।

विधायकों ने कहा कि केंद्र सरकार को तुरंत इस मामले में हस्तक्षेप कर एलपीजी सिलेंडर की कीमतों को नियंत्रित करना चाहिए, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने यह भी मांग की कि गैस की आपूर्ति को सुचारु बनाया जाए, जिससे लोगों को सिलेंडर के लिए घंटों इंतजार न करना पड़े।

इस मुद्दे को लेकर विधानसभा परिसर में कुछ समय तक राजनीतिक माहौल गरमाया रहा। प्रदर्शन के दौरान विधायक लगातार नारेबाजी करते रहे और केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना करते रहे। उनका कहना था कि महंगाई के मुद्दे पर सरकार को जवाब देना होगा और आम लोगों को राहत देने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे।

बजट सत्र के दौरान इस तरह के प्रदर्शन से यह स्पष्ट है कि महंगाई और गैस सिलेंडर की कीमतों का मुद्दा राजनीतिक बहस का एक अहम विषय बना हुआ है। आने वाले दिनों में भी इस मुद्दे पर सदन के भीतर और बाहर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप जारी रहने की संभावना जताई जा रही है।

Share This Article
Leave a Comment