“जनांदोलनों की जीत: नीट छात्रा मौत मामले में CBI जांच की सिफारिश — दीपांकर भट्टाचार्य”

Shashi Bhushan Kumar

भाकपा (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने पटना में हुई नीट छात्रा की मौत के मामले में बिहार सरकार द्वारा सीबीआई जांच की सिफारिश को जनआंदोलनों और पीड़ित परिवार के लंबे संघर्ष की सफलता बताया है।

उन्होंने कहा कि छात्रा के साथ हुई जघन्य घटना के खिलाफ आइसा, महिला संगठनों और परिजनों द्वारा चलाए गए व्यापक आंदोलन और बढ़ते जनदबाव के कारण ही सरकार को सीबीआई जांच की सिफारिश करने पर मजबूर होना पड़ा। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई अभी समाप्त नहीं हुई है।

भट्टाचार्य ने जोर देकर कहा कि केवल सीबीआई जांच की सिफारिश पर्याप्त नहीं है, बल्कि यह जांच सुप्रीम कोर्ट के किसी मौजूदा न्यायाधीश की प्रत्यक्ष निगरानी में होनी चाहिए, ताकि निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित की जा सके।

उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन ने शुरुआत से ही इस मामले में संदिग्ध और लापरवाहीपूर्ण रवैया अपनाया है। उनके अनुसार, पुलिस ने घटना की गंभीरता को कमतर दिखाने की कोशिश की और प्रभावशाली लोगों को बचाने का प्रयास किया। ऐसे में राज्य एजेंसियों पर पूरी तरह भरोसा करना पीड़ित परिवार के साथ अन्याय होगा।

दीपांकर भट्टाचार्य ने शनिवार को मृतक छात्रा के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें न्याय की लड़ाई में पार्टी और जनसंगठनों के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष केवल एक परिवार का नहीं, बल्कि पूरे बिहार की बेटियों की सुरक्षा और न्याय का है।

उन्होंने यह भी घोषणा की कि ऐपवा और आइसा के संयुक्त आह्वान पर ‘बेटी बचाओ–न्याय यात्रा’ निकाली जाएगी। यह यात्रा 4 फरवरी से 10 फरवरी तक जहानाबाद से शुरू होकर नालंदा, नवादा, गया, औरंगाबाद, अरवल होते हुए पटना पहुंचेगी, जहां 10 फरवरी को विधानसभा मार्च आयोजित किया जाएगा।

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Digital Head,Live-7, Committed to impactful journalism, Shashi Bhushan Kumar continues to bring meaningful narratives to the public with diligence and passion. Active Journalist since 2012.
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