RANCHI
गणतंत्र दिवस को लेकर देशभर में सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। सभी संवेदनशील क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ाने और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करने के निर्देश जारी किए गए हैं। खासकर अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से सटे इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा किया गया है।
ड्रोन के जरिए हथियार, विस्फोटक और नशीले पदार्थ भेजे जाने की आशंका के बीच ड्रोन गतिविधियों पर पैनी नजर रखने को कहा गया है। पंजाब, जम्मू-कश्मीर और राजस्थान से लगे बॉर्डर क्षेत्रों में ड्रोन घुसपैठ और संभावित हमलों को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। हाल के महीनों में इन इलाकों में ड्रोन के माध्यम से अवैध सामग्री भेजे जाने के कई मामले सामने आए हैं, जिसके बाद एजेंसियां अतिरिक्त सतर्कता बरत रही हैं।
सुरक्षा एजेंसियों को मिले इनपुट के अनुसार आतंकी संगठन ड्रोन के अलावा पैरा-ग्लाइडर और हैंग-ग्लाइडर जैसे हवाई साधनों का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इन माध्यमों से सीमावर्ती इलाकों में घुसपैठ या विस्फोटक पहुंचाने की कोशिश की जा सकती है।
खुफिया एजेंसियों का कहना है कि लश्कर-ए-तैयबा और कुछ सिख आतंकी संगठनों द्वारा पैरा-ग्लाइडर समेत अन्य उपकरणों की खरीद से जुड़े संकेत मिले हैं, जिसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना जा रहा है। इसी के आधार पर यह अलर्ट जारी किया गया है। हवाई निगरानी प्रणाली को और मजबूत किया गया है। ड्रोन रोधी सिस्टम और रडार को सक्रिय कर दिया गया है, जबकि सीमावर्ती इलाकों में नाइट पेट्रोलिंग और चेकिंग भी बढ़ा दी गई है।
गणतंत्र दिवस के मद्देनजर देश की सभी सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं। इससे पहले दिल्ली पुलिस ने सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) के नेता गुरपतवंत सिंह पन्नू के खिलाफ 26 जनवरी से पहले राजधानी में अशांति फैलाने की धमकियों के आरोप में एफआईआर दर्ज की है। अधिकारियों के मुताबिक यह मामला दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल में दर्ज किया गया है।

