RANCHI
आदित्य प्रकाश जालान टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, श्री कृष्ण चंद्र गांधी शैक्षिक नगर, कुदलुम में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के प्रचार एवं अभिलेखागार विभाग की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक रविवार को संपन्न हुई। बैठक का आयोजन विद्या विकास समिति, झारखंड की देखरेख में किया गया।

अखिल भारतीय संगठन मंत्री गोविंद चंद्र महंत ने बताया कि 1952 से चल रही शिशु मंदिर योजना में समय-समय पर बदलाव होते रहे हैं। वर्तमान समय में भारत-केंद्रित शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप विद्या भारती की योजना में कई नए विषय शामिल किए गए हैं। उन्होंने कहा कि विद्या भारती का उद्देश्य “सर्वे भवंतु सुखिनः” की भावना के साथ विद्यार्थियों में वसुधैव कुटुंबकम का विचार भरना है।

बैठक के विभिन्न सत्रों में प्रचार विभाग, प्रवास, कार्य योजना और अभिलेखागार से जुड़े कार्यों की समीक्षा की गई। इसके साथ ही देशभर से आए कार्यकर्ताओं ने अपने अनुभव और सुझाव साझा किए। ललित बिहारी गोस्वामी ने विद्या भारती की पत्रिका प्रदीपिका पर प्रकाश डाला, जबकि राजेंद्र सिंह बघेल ने अभिलेखागार और रामकुमार भावसार ने प्रचार विभाग का वृत्त प्रस्तुत किया। समापन सत्र में मनोज भारद्वाज ने धन्यवाद ज्ञापन किया।

बैठक के दूसरे दिन मीडिया, पत्र-पत्रिका प्रबंधन, प्रकाशन, मुद्रण, वितरण, वित्तीय प्रबंधन और सोशल मीडिया उपयोग पर चर्चा हुई। विशेष रूप से दिव्यांशु ठाकुर, डॉ नीरज शर्मा और अखिल भारतीय सोशल मीडिया प्रमुख आलोक तिवारी ने प्रबंधन और तकनीकी पक्ष पर जानकारी दी और कार्यकर्ताओं को दिशा-निर्देश दिए।
समापन के उपरांत प्रचार विभाग की केंद्रीय टीम और क्षेत्र संयोजकों के साथ बैठक भी आयोजित की गई। इस अवसर पर विद्या भारती के अखिल भारतीय महामंत्री देशराज शर्मा, अखिल भारतीय प्रभारी सुधाकर रेड्डी, अखिल भारतीय मंत्री ब्रह्माजी राव, क्षेत्र संगठन मंत्री ख्याली राम, प्रदेश सचिव नकुल शर्मा, अखिलेश कुमार, विवेक नयन पांडे और प्राचार्य डॉ रामकेश पांडे मुख्य रूप से उपस्थित थे।

