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राष्ट्रीय लोक अदालत ऐसा मंच, जो सुलभ न्याय के सिद्धांत पर आधारित है: पीडीजे

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आपस में मिलजुलकर खुशी से रहने का अवर देता है लोक अदालत: डीसी

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कयूम खान
लोहरदगा: नालसा एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, लोहरदगा द्वारा शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार लोहरदगा राजेंद्र बहादुर पाल, जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त वाघमारे प्रसाद कृष्ण, पुलिस कप्तान आर रामकुमार व अन्य न्यायिक पदाधिकारियों जिला अधिवक्ता संघ के सचिव अजय कुमार ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। संबोधित करते हुए पीडीजे श्री पाल ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत एक ऐसा मंच है, जो सुलभ न्याय के सिद्धांत पर आधारित है। यहां विवादों का निपटारा आपसी सहमति से होता है। आम लोगों की कठिनाई को देखते हुए नालसा एवं झालसा के तत्वावधान में नियमित समयांतराल पर राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाता है। लोक अदालत के माध्यम से मामलों का निष्पादन होने से न्यायालय की समय की बचत होती है। नेशनल लोक अदालत का आयोजन इस साल चार बार होनी है। उपायुक्त डॉ वाघमारे ने कहा कि छोटे-छोटे मामले में लोगों को परेशान होना पड़ता है। लोग किसी मामले में आ कर कोर्ट के चक्कर लगाना पसंद नहीं करते है। सभी लोग अपने जिंदगी में आपस में मिलकुल और खुशी से रहना पसंद करते है। उन्होंने कहा कि यहां पर एक अच्छा प्लेटफार्म उपलब्ध कराया जाता है। वहीं कार्यक्रम और आंकड़ों की जानकारी देते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव गौतम गोविंदा ने बताया कि लोक अदालत में समय और पैसे की बचत के साथ-साथ लोगों को मुकदमे के झंझट से मुफ्त में छुटकारा मिलती है। वहीं न्यायालय में भी लंबित मामलों के बोझ कम होता है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन के लिए पांच बेंचों का गठन किया गया था। उन्होंने बताया कि कुल 655 मामलों में 8744180 रुपए वसूले गए। जिसमें बैंक रिकवरी के 50 केसों में 1838007 रुपए, 155 क्रिमिनल वाद के निष्पादन में 2868008 रुपए, 27 बिजली विभाग वाद में 522875 रुपए, एमएसीटी के 4 मामले में 2200000 रुपए, 3 एनआई एक्ट मामले में 462000 रुपए व अन्य बीएसएनएल, एमवी एक्ट, कंज्यूमर फोरम, ट्रैफिक चालान के 411 मामले में 853290 रुपए की वसूली की गई। वहीं आयोजन का लाभ लेने के लिए काफी संख्या में लोगों की भीड़ उपस्थित हुई। राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने में डालसा सचिव गौतम गोविंदा ने न्यायिक पदाधिकारियों के साथ साथ, जिले के सभी पदाधिकारियों विभिन्न बैंकों के पदाधिकारियों, वकीलों, पक्षकारों, सभी कर्मचारियों व पीएलवी को धन्यवाद दिया है।
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